ध्‍येय, दृष्टि एवं मूल्‍य

ध्‍येय विधान

‘व्‍यावसायिक सर्वोत्‍कृष्‍टता के माध्‍यम से तीव्र विकास के साथ विश्‍वसनीय, नैतिक एवं सामाजिक दायित्‍वपूर्ण पद्धति से स्‍टेक होल्‍डरों के मूल्‍यों को अधिकतम बनाने के उद्देश्‍य से उर्वरकों और रसायनों का निर्माण एवं बिक्री करना ।‘ 

 

दृष्टि विधान

‘भारतीय बाजार में अधिकारपूर्ण स्थिति के साथ संसाधनों का इष्‍टतम उपयोग सुनिश्चित करते हुए, पर्यावरण का उचित ध्‍यान रखकर, स्‍टेक होल्‍डरों के मूल्‍य को अधिकतम करते हुए उर्वरकों एवं रसायनों के क्षेत्र में विश्‍व स्‍तरीय निगम बनना ।‘

 

मूल्‍य विधान

‘व्‍यवसाय के हर क्षेत्र में सत्‍यनिष्‍ठा, ईमानदारी, पारदर्शिता और अपने स्‍टेक होल्‍डरों को सर्वोच्‍च सम्‍मान देते हुए अपनी वचनबद्धता का आदर करते हुए, आरसीएफ परिणामकारक और सर्वोच्‍च गुणवत्‍ता के लिए प्रयत्‍नशील व्‍यवहार करेगी । ‘